.....

शिवराज मंत्रिमंडल का विस्तार, ताजपोशी की दावेदारी कर रहे नेता बेचैन

भोपाल।  शिवराज कैबिनेट के प्रस्तावित विस्तार में नेता पुत्रों को लेने का दबाव बढ़ने लगा है। अपवादस्वरूप पहली बार के विधायकों को भी मौका मिल सकता है। 30 जून को बहुप्रतीक्षित विस्तार की संभावना है। 
पूर्व मुख्यमंत्री वीरेंद्र सखलेचा के पुत्र ओमप्रकाश सखलेचा, वरिष्ठ नेता कैलाश सारंग के बेटे विश्वास और थावरचंद गेहलोत के बेटे जितेंद्र को मंत्रिमंडल में शामिल कराने की जोर-आजमाइश चल रही है।
ढाई साल से बतौर राज्यमंत्री काम कर रहे दीपक जोशी एवं सुरेंद्र पटवा को पदोन्नत किए जाने की चर्चा है। उन्हें कैबिनेट दर्जा या स्वतंत्र प्रभार मिल सकता है। 
भाजपा संगठन ने क्राइटेरिया तय किया था कि पहली बार के विधायकों को मौका नहीं मिलेगा, लेकिन दो दिन बाद संभावित विस्तार में इसका अपवाद सामने आ सकता है।
इनमें भोपाल मध्य से सुरेंद्रनाथ सिंह एवं राजगढ़ जिले के अमर सिंह यादव के नाम हो सकते हैं। सत्ता-संगठन में अभी इस बात की सहमति बनना बाकी है। 
इंदौर से ऊषा ठाकुर एवं सुदर्शन गुप्ता दावेदारी कर रहे हैं। गुप्ता को लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन व केंद्रीय मंत्री नरेंद्र तोमर का समर्थन है, वहीं ऊषा को संघ का वरदहस्त है।
झाबुआ से आदिवासी चेहरे के नाम पर निर्मला भूरिया दावा कर रही हैं। निमाड़ अंचल से अर्चना चिटनीस भी कतार में हैं।
 मंत्री पद के लिए उन्होंने प्रदेश प्रभारी डॉ. विनय सहस्रबुद्धे एवं केंद्रीय मंत्री वेंकैया नायडू से भी पैरवी कराई है। बताते हैं कि प्रदेश भाजपा अध्यक्ष नंदकुमार सिंह चौहान से उनकी अदावत में इन दिनों कुछ कमी आई है।
मंदसौर से यशपाल सिंह सिसोदिया भी केंद्रीय मंत्री तोमर का समर्थन हासिल कर दावेदारी कर रहे हंै। यहां से ओमप्रकाश सखलेचा भी जोर लगा रहे हैं। 
बताते हैं उनके लिए केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी, राष्ट्रीय संगठन महामंत्री रामलाल और वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने भी सिफारिश की है। पूर्व मंत्री जगदीश देवड़ा भी कतार में हैं।
राजधानी भोपाल से विश्वास सारंग विधानसभा में अपने परफार्मेंस और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव कैलाश विजयवर्गीय व केंद्रीय मंत्री नरेंद्र तोमर की मदद के सहारे दावेदारी में जुटे हैं।
 बैतूल के हेमंत खंडेलवाल भी जोर लगा रहे हैं, वहीं छिंदवाड़ा से चौधरी चंद्रभान सिंह भी मुख्यमंत्री सहित अन्य नेताओं से चर्चा कर चुके हैं।
उधर संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी भगवत शरण माथुर के सहारे अनूपपुर में अजजा वर्ग से रामलाल रौतेल दावेदारी ठोक रहे हैं। जबलपुर से अजा कोटे के अंचल सोनकर दावेदारी ठोक रहे हैं।
 विंध्य मुख्यालय रीवा जिले से स्थानीय मंत्री के विरोध के बावजूद केदार शुक्ला की पक्की दावेदारी है। यहां से हर्ष सिंह का भी नाम है।
ग्वालियर से जयभान सिंह पवैया को मंत्रिमंडल में एंट्री दिलाने के लिए केंद्रीय मंत्री तोमर के अलावा सांसद प्रभात झा अपनी अनुशंसा कर चुके हैं, जबकि मुरैना में रुस्तम सिंह एवं नारायण सिंह कुशवाह की दावेदारी भी शामिल है।
 निमाड़ में खंडवा जिले से तीसरी मर्तबा के विधायक एवं पूर्व मंत्री स्व. किशोरीलाल वर्मा के बेटे देवेन्द्र वर्मा भी अपना जोर लगा रहे हैं।

Share on Google Plus

click News India Host

    Blogger Comment
    Facebook Comment

0 comments:

Post a Comment